ज़िन्दगी के ऑनलाइन सपने

डॉ. सत्या सिंह पूर्व पुलिस अधिकारी, अधिवक्ता, काउंसलर। 2011 में भारत की तत्कालीन राष्ट्रपति माननीया प्रतिभा पाटिल जी के हाथों […]

डॉ. सत्या सिंह

डॉ. सत्या सिंह
पूर्व पुलिस अधिकारी, अधिवक्ता, काउंसलर।

2011 में भारत की तत्कालीन राष्ट्रपति माननीया प्रतिभा पाटिल जी के हाथों सम्मानित हो चुकी हैं।

इंडियन एक्सप्रेस की तरफ से 2017 में उन्हें ‘देवी अवार्ड’ से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने सम्मानित किया।

आपको सम्मान स्वरूप मिले मेडल, प्रशस्ति पत्र एवं पुरस्कारों से एक कमरा भरा हुआ है।

आप ताइक्वांडो चैंपियन भी हैं।

 

ऑनलाइन गेमिंग : मनोरंजन से लत, लत से अपराध तक का सफर :

3 फरवरी 2026 को रात करीब पौने दो बजे तीन नाबालिग सगी बहनों, निशिका (16 साल), प्राची (14 साल) और पाखी (12 साल) ने मंगलवार देर रात भारत सिटी सोसायटी गाज़ियाबाद उत्तर प्रदेश में नौवीं मंजिल से छलांग लगाकर आत्महत्या कर ली। तीनों नाबालिग बहनें चुपचाप बिस्तर से उठीं। माँ के गाल को चूमकर और पिता से ‘आई लव यू’ कहकर वे मंदिर वाले कमरे में चली गईं, और उसका दरवाजा भीतर से बंद कर लिया।

तीनों कोरियन लव गेम खेलने की आदी थीं।कुछ ही देर बाद टीलामोड़ थाना क्षेत्र की भारत सिटी सोसायटी में नौवीं मंजिल से तीनों के कूदने की आवाज ने पूरे परिवार को झकझोर दिया।

घटना का कारण –

मोबाइल फोन की लत छुड़ाने के लिए पिता द्वारा रोक लगाए जाने के बाद तीनों सगी बहनों ने कथित तौर पर सामूहिक आत्महत्या कर ली।

तीनों बहनें लंबे समय से कोरियन गेम, ड्रामा व सीरियल देखकर पूरी तरह से कोरियन कल्चर की आदी हो चुकी थीं। उनके द्वारा मौके पर छोड़े गए सुसाइड नोट में किशोरियों ने अपने पिता द्वारा कोरियन कल्चर छुड़वाए जाने को आत्महत्या का कारण बताया है।

कोरियन गेम खेलने की लत –

लड़कियों को ऑनलाइन कोरियन गेम खेलने की लत थी और 3 फ़रवरी 2026 को गेम का आखिरी टास्क था। नाबालिग लड़कियां आखिरी टास्क पूरा करने के लिए सोसायटी के 9वें फ्लोर से कूद गईं। वे तीनों न तो स्कूल जाती थीं और न हीं घर से बाहर निकलकर किसी से मिलती थीं। उन्होंने अपने-अपने कोरियन नाम भी रख लिए थे। तीनों बहनें एक ऑनलाइन कोरियन टास्क-बेस्ट गेम (‘Korean Lover Game’) से बहुत बुरी तरह प्रभावित थीं।

इस गेम में 50 टास्क होते हैं, जिनमें परिवार से दूरी बनाना, अकेले रहना, रोना-धोना और अंत में आत्महत्या जैसे खतरनाक निर्देश शामिल होते हैं। गेम के एडमिन खुद को किसी राजपरिवार से जुड़ा बताते हैं और यूजर्स को ये खतरनाक चुनौतियां देते हैं। इसमें बहन प्राची को ‘डेथ कमांडर’ बनाया गया था, जिसके इशारे पर तीनों ने अंतिम टास्क पूरा किया। कूदने के लिए बच्चियों ने दो स्टेप वाली सीढ़ी का उपयोग किया था।

किशोरियों के कमरे से आठ पेज का एक सुसाइड नोट मिला है। हालांकि पुलिस ने पूरी डायरी अपने कब्जे में ले ली है। वहीं कमरे की दीवार पर “मेक मी ए हार्ट ऑफ अलोन” लिखा हुआ मिला है।

सुसाइड नोट –

सुसाइड नोट में उन्होंने लिखा है कि – “कोरियन एक्टर, के-पॉप ऑल ग्रुप एंड कोरियन मूवीज प्लस कोरियन बीएल ड्रामा, चाइना एक्टर, सांग व मूवीज प्लस चाइना बीएल ड्रामा, थाइलैंड एक्टर एंड थाइ सांग व थाई मूवीज प्लस थाई बीएल ड्रामा, जापान एक्टर एंड जापान सांग और जापान मूवीज प्लस जापान बीएल ड्रामा, अमेरिका एंड लंदन एक्टर प्लस मूवीज वेडनेसडे एडम्स, इंग्लिश आल सांग हॉलीवुड आल सांग, पोपी प्ले टाइम गेम आल आफ करैक्टर्स, द बेबी इन येलो गेम, इविल नन, आइसक्रीम मेन गेम, आइस गेम, टैक्नो गेमर्स गेम प्ले, डोरेमोन कार्टून, शिनचेन कार्टून, पीजे मास्क कार्टून, माशा एंड द बीयर कार्टून, शिमोर एंड शाइन कार्टून, पापा पीग कार्टून, प्रिसिंस एलसा एंड अहाबेला एंड सिनड्रेला अरायल एंड अरोरा जासमीन एंड रूपानजल मूलानन्द आल आफ प्रिंस एंड प्रिसिंस हमारी पसन्दीदा चीजें थीं, जिसे हम दिल से भी ज्यादा पसंद करते थे।”

कमरे से मिले सुसाइड नोट में किशोरियों ने पापा से माफी भी मांगी है। घटना स्थल से एक फटा हुआ छोटा सा कागज का नोट भी मिला, जिसमें हिंदी और अंग्रेजी में लिखा है कि –

“True life story. Is diary mei jo kuch bhi likha hai vo sab padhlo kyunki sab sach hai. Read now. I’m really sorry, sorry Papa।”

(“इस डायरी में जो कुछ भी लिखा है, वो सब पढ़ लो क्योंकि ये सब सच है। आई एम सॉरी, पापा।”) नोट में रोती हुई इमोजी भी बनी थी। उनके कमरे की दीवार पर भी लिखा मिला था कि, “I am very very alone. My life is very very alone।” और यूज़ काट दिया गया था। कमरे में परिवार की तस्वीरें बिखरी हुई थीं, जो शायद गेम के अंतिम टास्क (परिवार से अंतिम बार मिलना और फोटो लेना) था।

कोरियन लव गेम क्या है ?-

कोरियन लव गेम एक ऑनलाइन गेम है। पहली बात तो यह कि यह कोई आम गेम नहीं है, जो सिर्फ टाइम पास के लिए खेला जाता हो, बल्कि यह कोरियन स्टाइल के ऑनलाइन लव या रोमांटिक टास्क-बेस्ड गेम है। यह कोरियन लवर गेम्स ज्यादातर मोबाइल ऐप्स पर चलते हैं, जहां यूजर को कोरियन कल्चर, K-पॉप, K-ड्रामा जैसी चीजों से जोड़ा जाता है। इनमें खिलाड़ी एक वर्चुअल लवर या पार्टनर चुनते हैं, जो कोरियन स्टाइल में बात करता है, रोमांटिक मैसेज भेजता है, और डेली टास्क देता है।

जैसे-जैसे गेम आगे बढ़ता है, टास्क मुश्किल होते जाते हैं। शुरुआत में छोटे-छोटे काम जैसे फोटो भेजना, कुछ लिखना, या दिनभर चैट करना, लेकिन आगे चलकर टास्क बहुत पर्सनल और खतरनाक हो सकते हैं, जैसे खुद को नुकसान पहुंचाना या आखिरी टास्क में मौत जैसा भी कुछ हो सकता है। यूजर खुद को कोरियन समझने लगते हैं, खुद को प्रिंसेस या कोरियन लवर मानते हैं।

पुलिस की रिपोर्ट –

इस घटना के बाद पुलिस जांच में पता चला कि ये बहनें कोविड के समय से गेमिंग की लत में पड़ गई थीं। वे स्कूल नहीं जाती थीं, सब कुछ साथ करती थीं जैसे कि, खाना, सोना, नहाना। गेम में वे एक-दूसरे से जुड़ी हुई थीं, और शायद इसीलिए आखिरी टास्क पूरा करने के लिए उन्होंने साथ में यह कदम उठाया।

शुरुआत में तो सामने वाला दोस्ती और प्यार की बातें करता है तथा आसान-आसान टास्क दिए जाते हैं, ताकि भरोसा बन जाए परन्तु धीरे-धीरे टास्क बढ़ते जाते हैं और मानसिक दबाव बनने लगता है। कई मामलों में बात न मानने पर डराया भी जाता है, जिससे खेलने वाला व्यक्ति तनाव में आ जाता है और उसका व्यवहार बदलने लगता है।

ऐसी घटनाएं भविष्य के लिए एक चुनौती –

यह डिजिटल युग में बच्चों की सुरक्षा को लेकर बड़ी चेतावनी है। बीते कुछ सालों में ऑनलाइन गेमिंग, खतरनाक चैलेंज और डिजिटल दबाव के चलते देश भर में कई युवा अपनी जान गंवा चुके हैं। सवाल यह है कि जो प्लेटफॉर्म मनोरंजन के लिए बने थे, वे मौत के जाल कैसे बनते जा रहे हैं और इसे रोका कैसे जाए?

वैसे देश भर में 12 से 25 साल के बच्चे, किशोर और युवाओं में ऑनलाइन गेमिंग की बहुत ज्यादा लत है। गाजियाबाद जैसी घटनाएं उत्तर प्रदेश, मध्य प्रदेश, महाराष्ट्र, तेलंगाना, केरल और तमिलनाडु सहित कई राज्यों में रिपोर्ट हुई हैं। ऐसा नहीं है कि यह समस्या सिर्फ शहरी बच्चों में है बल्कि ग्रामीण क्षेत्र में रहने वाले बच्चे भी कई-कई घंटे फोन पर गेम खेलते हुए और सोशल मीडिया स्क्रॉल करते हुए बिताते हैं, क्योंकि स्मार्टफोन और सस्ते डेटा ने पहुंच आसान कर दी है।

                                        क्रमशः….

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Scroll to Top